hindwatch@gmail.com

Share whatsapp Facebook Linkedin Twitter

क्या है टेक्नोलॉजी और क्या - क्या है इस से फायदा और नुक्सान ?


आज हमलोग इंटरनेट के इस दौर में मोबाइल, कंप्यूटर आदि उपकरणों में इतने डूब गए है कि एक पल के लिए इन्हें इस्तेमाल नहीं करने मात्र से बेचैनी होने लगती है।


Hindwatch :- समय के साथ इंसान भी बदल गया और टेक्नोलॉजी भी। पहले के जमाने में इन तकनीकों का उपयोग या विकास बहुत कम था और लोग उस समय भी खुशहाल रहा करते थे। कहा जाता है कि "परिवर्तन संसार का नियम है", अर्थात् जैसे जैसे समय बीतता गया हम अपनी जीवन को और भी बेहतर बनाने के क्रम में  संसाधनों का निर्माण और उपयोग करना शुरू कर दिया। इसमें कोई संदेह नहीं है कि इनका विकास और उपयोग होनी चाहिए, पर यह भी एक सच्चाई है की ज्यों-ज्यों हम इन सभी टेक्नोलॉजी पर अधिक निर्भर होते जा रहे है त्यों-त्यों ये हमारे और हमारे जीवन के लिए खतरा बनता जा रहा है। 

           टेक्नोलॉजी(प्रौधौगिकी) हमारे मूलभूत विकास का एक अहम अंग है। इसे किसी भी तरीको से गलत नही माना जा सकता है और न ये गलत है। पर कहते है न कि "विकास के छवि को बिगड़ना परिवर्तन को रोकने ऐसा है"। जिस तरह प्राकृतिक परिवर्तन को रोकना खुद को विनाश के पथ पर ले जाने के समान है वैसे ही प्रौधौगिकी संसाधनों का विकास को विमुख करना भी खुद को विनाश की ओर अग्रसित करने के सामान है। आज के इस युग में जो देश तकनीक संसाधनों में बेहतर है वो सभी दिशाओं से सुरक्षित और विकसित है। 
                                 अतः ऐसा कह सकते है कि टेक्नोलॉजी एक ऐसा जाल है जिसके अंदर पूरी दुनिया सिमटी हुई है। बिना इसके मानवीय जीवन की कल्पना करना, घने वन में रोने के समान है। आगे हम टेक्नोलॉजी के बारे में विस्तार से जानेंगे .

         (1)  Technology (तकनीकी) क्या है?

विज्ञान के क्षेत्र में वैज्ञानिक जानकारी का प्रयोग करके सफलतापूर्वक तैयार किये गए प्रत्येक उपकरण, कम्प्यूटर तथा मोबाइल एप्लीकेशन इत्यादि जिनकी सहायता से मनुष्य किसी भी कार्य को आसानी से कर पाए, टेक्नोलॉजी की मदद से ही संभव है। टेक्नोलॉजी मुख्य रूप से मनुष्य के दिमाग की ही एक उपज है, जिसके अंतर्गत किसी भी वैज्ञानिक जानकारी को मनुष्य की सुविधाओं के लिए प्रयोग में लाया जाता है। इसी वैज्ञानिक जानकारी की मदद से कई ऐसे उपकरण बनाये जाते हैं, जिनसे मनुष्यों का काम आसान हो सके। टेक्नोलॉजी मनुष्य के जीवन आसान बनाने के साथ-साथ आरामदेह भी बना देती है।

उदाहरण के लिए लैपटॉप, स्मार्ट फ़ोन इत्यादि उपकरणों को देख सकते हैं, ये सभी उपकरण वैज्ञानिक जानकारी होने के कारण मानव द्वारा ही बनाये गए हैं। इनकी मदद से मनुष्य बड़ी से बड़ी गणना तथा अन्य कठिन कार्यों को भी कम समय देकर आसानी से कर सकते हैं। वर्तमान समय में शिक्षा, चिकत्सा, मनोरंजन, संचार, कृषि, कृत्रिम बुद्धिमत्ता इत्यादि सभी क्षेत्रों में टेक्नोलॉजी का ही प्रयोग किया जा रहा है, और टेक्नोलॉजी के मदद से ही हर एक क्षेत्र विकास के पथ पर अग्रसित हो रहा है।         

(2) तकनीक का इतिहास (history of technology)

कहा जाता है कि तकनीक (टेक्नोलोजी) का विकास मनुष्य के विकास के साथ ही शुरू हो चुका था। मनुष्य जैसे जैसे खुद का विकास किया वैसे वैसे टेक्नोलॉजी का भी विकास हुआ। इस तरह मनुष्य का विकास और टेक्नोलॉजी का विकास एक दूसरे के सम्मुख है। प्राचीन काल में जब मनुष्य ने पत्थरों के उपयोग से विभिन्न प्रकार के औजार बनाना शुरू किया तभी से टेक्नोलॉजी का विकास शुरू हो गया।  इस तरह इसके इतिहास को किसी वर्ष से अनुमान लगाना बहुत कठिन है। मनुष्य का जीवन जितना पुराना है, टेक्नोलॉजी का इतिहास भी उतना ही पुराना है।
              जैसे –जैसे पीढ़ियों में विकास हुआ तो उनके विकास के साथ उनकी सोच भी बदलती गयी, और सोच के अनुसार नयी- नयी खोज की जाने लगी। पहिये के आविष्कार को टेक्नोलॉजी के युग का प्राथमिक बिंदु बताया जाता है। आज के युग में टेक्नोलॉजी ने ऐसा रूप ले लिया है कि मानो मनुष्य का जीवन टेक्नोलॉजी पर ही निर्भर है। वर्तमान समय में टेक्नोलॉजी की मदद से ऐसे – ऐसे आविष्कार हो चुके हैं कि मनुष्य को किसी कार्य को करने के लिए शारीरिक बल लगाने की जरुरत ही नहीं पड़ती है । टेक्नोलॉजी के अपने कुछ फायेदे है, और कुछ नुकसान भी। एक तरफ टेक्नोलॉजी मानव जीवन के लिए वरदान है तो दूसरी तरह अभिशाप है।
             
      (3) टेक्नोलॉजी के लाभ (Advantages of  technology)

(a) टेक्नोलॉजी के मदद से ही आज हम एक जगह से दूसरे जगह बहुत ही कम समय में और बहुत ही आसानी से  जुड़ सकते है। किसी से भी बात करना बहुत आसान हो गया है cellular phone के इस्तेमाल से हम एक जगह से दूसरे जगह उपस्थित व्यक्ति से बात कर सकते है, और यह सब दूरसंचार क्षेत्र के विकास के कारण ही संभव हो पाया है।

(b) इंटरनेट (जो की एक टेक्नोलॉजी का प्रकार है) के मध्यम से हम घर बैठे विभिन्न प्रकार जानकारी बहुत ही कम समय में प्राप्त कर सकते है। टेक्नोलॉजी के उपयोग से ही आज किताबो की जगह डिजिटल शिक्षा का उपयोग बढ़ा है जिससे पर्यावरण पर अच्छा प्रभाव पड़ा है।

(c)  चिकित्सा के क्षेत्र में टेक्नोलॉजी वरदान साबित हुई है।  टेक्नोलॉजी की मदद से इस क्षेत्र के लिए ऐसे-ऐसे आविष्कार हुए हैं, जो मनुष्य के जीवन को बचाने में सक्षम हैं। आज बहुत कम समय में कठिन बीमारी का ऑपरेशन भी मशीनों के मदद से बहुत ही आसानी से हो जाती है।

(d) आज टेलीविजन, वीडियो गेम्स आदि के मदद से मनुष्य अपने दैनिक कार्यों के उपरांत होने वाली थकान से राहत पता है। इस तरह मनुष्य के मनोरंजन के लिए टेक्नोलॉजी काफी उपयोगी है।

(e) आज छोटे से लेकर बड़े कंपनियों, फैक्ट्रियों, उद्योगों आदि में मैन्युफैक्चरिंग मशीनों के आने से उनके उत्पादन क्षमता में वृद्धि हुई है। इस क्षेत्र में कई प्रकार की ऑटोमेटिक मशीनें प्रयोग में लायी जाती हैं जो मनुष्य के काम को अत्यधिक आसान कर देती हैं ।

(f) ऑटोमोबाइल क्षेत्र में टेक्नोलॉजी की मदद से कार, साइकिल, मोटर साइकिल, बस, ट्रक, हवाई जहाज इत्यादि वाहनों का आविष्कार संभव हो पाया है। इन सभी छोटे से बड़े  अविष्कारों की मदद से मनुष्य लम्बी से लम्बी दूरी को कम समय में तय कर सकता है, तथा भारी सामान को इधर- उधर कहीं भी आसानी से ले जा सकता है। वाहनों के निर्माण से आज यात्रा करना बहुत आसान हो गया है।

(g) टेक्नोलॉजी में हुए विकास के कारण ही आज हम बिना बैंक में गए किसी भी व्यक्ति को पैसे बहुत ही कम समय में और बहुत ही आसानी से भेज सकते है और प्राप्त कर सकते है। किसी भी वस्तु आदि के खरीदने के लिए हम अब ऑनलाइन पेमेंट का उपयोग करते है जिससे मनी लांड्रिंग जैसी अपराध कम हुई है। आज हर घर अपना बैंक बन गया है।

     (4) टेक्नोलॉजी के नुकसान (Disadvantages of  technology)

 (a) टेक्नोलॉजी में हुए विकास ने मनुष्य के बीच की दूरी को बढ़ा दिया है। पहले अगर किसी को कोई संदेश देना होता था तो उसके घर जाकर बताया करते थे पर आज कोई सी बात चाहे वह छोटी हो या बड़ी इंटरनेट के मध्यम से पहुंचा दे रहे है।
(b) टेक्नोलॉजी की मदद से कोई भी कार्य इतना ज्यादा आसान हो गया है कि अधिक शारीरिक क्षमता की आवश्यकता ही नहीं पड़ती है, जिसकी वजह से मनुष्य की शारीरिक क्षमता में आभाव देखने को मिलता है। इससे मनुष्य शारीरिक और मानसिक रूप से कमजोर होता जा रहा है। टेक्नोलॉजी मनुष्य को आलसी बनाता है और एक आलसपूर्ण व्यक्ति मृतक के समान है।

(c) समय- समय पर होने वाले साइबर अटैक की वजह से मनुष्य की व्यक्तिगत जिन्दगी सुरक्षित नहीं रही है, क्योंकि साइबर अटैक के समय क्रिमिनल किसी भी मनुष्य का पर्सनल डेटा चुराकर उसे हानि पहुँचा सकता है। ऑनलाइन पेमेंट करना भी सुरक्षित नहीं रहा है अगर हम सचेत नहीं रहे तो।

(d) टेक्नोलॉजी की मदद से हुए अविष्कारों में कुछ आविष्कार ऐसे भी हुए हैं, जो पर्यावरण के लिए हानिकारक साबित हो रहे हैं। पर्यावरण दूषित होने के कारण मनुष्यों का जीवन समय कम होता जा रहा है। कहते है की "पर्यावरण है तो हम है"। इस तरह पर्यावरण को दूषित कर हम खुद को विनाश के पथ पर अग्रसित कर रहे है।


(5) टेक्नोलॉजी के प्रकार (types of technology)

    वर्तमान समय में टेक्नोलॉजी का प्रयोग प्रत्येक क्षेत्र में संभव है, कार्य और कार्य के क्षेत्र के अनुसार टेक्नोलॉजी को विभाजित किया गया है- 
(1) Communication Technology (संचार प्रौधौगिकी)

(2) Medical Technology (चिकित्सा प्रौधौगिकी)

(3) Construction Technology (निर्माण    प्रौधौगिकी)

(4) Entertainment Technology (मनोरंजन प्रौधौगिकी)

(5) Education Technology (शिक्षा प्रौधौगिकी)

(6) Agriculture Technology (कृषि प्रौधौगिकी)

(7) Artificial Intelligence Technology (कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रौधौगिकी)

(8) Information Technology (सूचना प्रधौगिकी)


•Communication Technology (संचार प्रौधौगिकी)

  1. संचार प्रौधौगिकी में कारण ही आज दुनिया भर में सूचनाओं का आदान-प्रदान संभव हो सका है।
  2. इसके मदद से ही आज हम बहुत ही आसानी से और काम समय में कोई भी संदेश अपने रिश्तेदारों,मित्रो आदि तक पहुंचा पाते है। इसके लिए cellular calling, sms, email, whatsApp आदि संसाधनों का उपयोग किया जा रहा है। 

•Medical Technology (चिकित्सा प्रौधौगिकी)

टेक्नोलॉजी और स्वास्थ्य एक दूसरे के समरूप है। आज हम तकनिकी संसाधनों का उपयोग कर अपने जीवन को आलसपूर्ण और बीमार बना ले रहे है तो दूसरी तरफ ये तकनीक ही है जो विभिन्न तरह के बीमारियों के उपचार में हमारी मदद कर रही है। हाल ही में कोरोना काल में खत्म हो रही आबादी को टेक्नोलॉजी ही है जिसने इसे स्थिर बनाए रखने का काम किया है। इन तकनीकों के उपयोग से ही कोरोना का टीका खोज पाना सफल हुआ है और इनके उपयोग से ही हम आज कठिन से कठिन बीमारियों का ऑपरेशन बहुत ही सफल तरीको से कर पा रहे है। इस तरह तकनीक मानव जीवन के लिए स्वास्थ्य के क्षेत्रों में वरदान साबित हुआ है। कुछ तकनीकी मशीनें - MRI Machine, X-ray Machine, Ultrasound test machine, Blood test machine, Blood pressure, sugar test machine etc.

•Construction Technology (निर्माण प्रौधौगिकी)

निर्माण प्रधौगिकी के अन्तर्गत कई बड़े-छोटे उपकरण बनाये गए हैं, जिनकी मदद से ऊँची-ऊँची इमारतों का निर्माण संभव हो पाया है। निर्माण प्रधौगिकी के अन्तर्गत कई ऐसे सॉफ्टवेयर भी बनाये गए हैं, जिनकी मदद से किसी इमारत या किसी भी प्रोजेक्ट का 2 D और 3 D नक्शा आसानी से बनाया जा सकता है, और उसे फॉलो करके कार्य को अंजाम दिया जा सकता है।

वर्तमान में शहरों में ऊँची-ऊँची इमारतों का बन पाना निर्माण प्रधौगिकी के अन्तर्गत तैयार किये गए उपकरणों तथा ऑटोमैटिक मशीनों की वजह से ही संभव हो पाया है। निर्माण प्रधौगिकी की वजह से निर्माण कार्य में होने वाली दुर्घटनाओं में भी काफी कमी देखी गयी है।

• Entertainment Technology (मनोरंजन प्रौधौगिकी)

इस टेक्नोलॉजी के कारण ही आज विभिन्न प्रकार के VFX द्वारा बनी फिल्में हम देख पा रहे है। लोगो को और अधिक मनोरंजित करने के लिए इस क्षेत्र में काफी विकास हो रही है अनेक प्रकार के उपकरण प्रतिदिन बनाए जा रहे है। इस समय मानव के मनोरंजन के लिए अनेक प्रकार के संसाधन है जैसे - टेलीविजन, सिनेमाघर, वीडियोगेम, सोशल मीडिया, विडियो स्ट्रीमिंग आदि।

•Education Technology (शिक्षा प्रौधौगिकी)

बढ़ती तकनीक ने राष्ट्र के विकास का पथ संचलन बहुत ही आसान कर दिया है। किसी भी राष्ट्र का विकास वहां के शिक्षित युवाओं से होती है और एक युवा तभी शिक्षित हो सकता है जब उसे उसके मूलभूत जरूरतों की पूर्ति हो सके। आज पठन-पाठन की क्रियाओं में डिजिटल मीडिया या सोशल मीडिया का उपयोग काफी बढ़ गया है। विद्यार्थी किसी भी वर्ग की पढ़ाई घर पर रह के भी कर सकते है। कोरोना काल में इन सभी प्लेटफार्म का अच्छा विकास हुआ है और यह हम सब के लिए एक वरदान साबित हुआ है। बच्चे आज कोचिंग संस्थान में जाने के जगह डिजिटल क्लास खरीद के घर से ही पढ़ रहे है, सरकार भी विभिन्न शिक्षण संस्थानों में डिजिटल क्लास की व्यवस्था कराई है जिससे शिक्षा नीति में एक नई क्रांति आई है। इसी तरह पढ़ेगा इंडिया तभी तो बढ़ेगा इंडिया। यह सब तकनीकी विकास से ही संभव हो पाया है।  

• Agriculture Technology (कृषि प्रौधौगिकी)

प्राचीन में किसान खुद से परिश्रम करता था और अपने खेतो में अन्न उपजाता था पर वह एक सही मात्रा नही थी उनके परिश्रम का। आज इस क्षेत्र में हुए अविष्कारों के कारण किसान कम समय में और अधिक मात्रा में अनाजों का उत्पादन कर पा रहा है। खेतो के जुताई से लेकर फसलों के कटाई तक सारे काम अब मशीनों के द्वारा ही किए जा रहे है। बढ़ती जनसंख्या के लिए अधिक अनाज का उत्पादन करने जैसी चुनौती को टेक्नोलॉजी ने आसान कर दिया है।

• Artificial Intelligence Technology (कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रौधौगिकी)

कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रौधौगिकी आधारित कई डिवाइस तथा सॉफ्टवेयरों को तैयार किया गया है, जो मनुष्य की तरह सोचने और कार्य को अंजाम देने में सक्षम हैं। कई फिल्मों में इस तरह के टेक्नोलॉजी को दिखाया गया है। कृत्रिम बुद्धिमत्ता का उद्देश्य स्मार्ट मशीनों, सॉफ्टवेयर तथा भिन्न- भिन्न एप्लीकेशनों का निर्माण करना है, जो मनुष्य की तरह सोच सकें और स्वमं सही निर्णय लेकर किसी भी कार्य को पूरा कर सकें।
वर्तमान समय में आर्टिफीसियल टेक्नोलॉजी पर अधिक ध्यान दिया जा रहा है, ताकि भविष्य में आने वाली पीढ़ी को और सुखद जीवन प्रदान किया जा सके। विश्व भर में आर्टिफिसियल टेक्नोलॉजी इतनी आगे बढ़ गयी है कि विभिन्न प्रकार मिनी रोबोट बनाए जा रहे जो इंसानों के तरह बाते करते है। वर्तमान में स्वचालित वाहन (auto-pilot car) इसका एक उदाहरण है।

• Information Technology (सूचना प्रधौगिकी)

   इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी का प्रयोग जानकारी को सुरक्षित रखने और सुरक्षित डेटा का आदान-प्रदान और उसको प्रोसेस करने के लिए किया जाता है। इस टेक्नोलॉजी की मदद से सुरक्षित जानकारी को सही समय पर सही लोगों तक पहुँचाया जा सकता है। बैंक तथा बैंक जैसे ही कई अन्य संस्थानों में व्यवसाय को संचालित करने के लिए इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी का ही प्रयोग किया जाता है।