प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विजिट के दौरान नावों पर काला झंडा लगाकर उनका विरोध करते भरूच के मछुआरे
Print Friendly, PDF & Email

गोदी मीड़िया के इस दौर में मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा-संघ सरकार अपनी हार की आहट को चाहे जितना मर्जी अपने समर्थन और विकास के शोर से दबाने की कोशिशें कर ले परंतु वो जनता के आक्रोश और असंतोष को एक सीमा से अधिक छुपा नही सकती है। अब मोदी सरकार के खिलाफ लोगों की नाराजगी इस स्थिति तक पहुंच चुकी है कि वो इसे जाहिर करने के लिए कुछ भी करने पर उतारू है। यह लोगों की नाराजगी की हद ही है कि भाजपा के नेताओं पर सरेआम हमले हो रहे हैं, उनकी पिटाई हो रही है।

भाजपा के विकास मॉडल गुजरात के वडोदरा में हाल ही में भाजपा के एक पार्षद हंसमुख पटेल को लोगों ने पेड़ से बांधकर बुरी तरह पीटा। पुलिस आई तो उक्त भाजपा पार्षद की जान बची। बताया जाता है कि लोग भाजपा नेता के झूठे वादों और आश्वासनों से तंग आ चुके थे।

इसके अलावा पश्चिमी बंगाल के दार्जलिंग में भाजपा के नेताओं पर स्थानीय भीड़ पर हमलाकर दिया और भाजपा नेताओं को दौड़ा दौड़ाकर पीटा गया। मार खाने वालो में भाजपा के राज्य अध्यक्ष दिलीप घोष भी शामिल थे। हालांकि भाजपा इसे बंगाल के सत्तारूढ दल की करतूत कहकर अपना बचाव कर सकती है। परंतु गुजरात में जो लगातार मोदी के साथ हो रहा है उसे क्या कहेंगे। वहां लोग मोदी का भाषण शुरू होते ही जनसभा छोड़कर बड़ी संख्या में मैदान खाली कर रहे हैं। मोदी को काले झण्ड़े दिखाने पर लोग उतारू हैं और इसके लिए अप्रत्याशित तरीकों का इस्तेमाल कर रहे हैं। टाइम्स आॅफ इण्डिया के अनुसार राजकोट के चोटिला में 7 अक्टूबर को हुआ कि मोदी की सभा में से लोग बीच में उठकर भारी संख्या में वापस जाने लगे। 8 अक्टूबर को फिर मोदी के साथ वही हुआ। अपने गृहनगर के पास भरूच में मोदी की सभा से लोग बीच में ही उठकर भारी तादाद में जाने लगे। जनता का रिपोर्टर ने इस घटना का एक वीडियों भी जारी किया था जो सोशल मीड़िया पर वायरल हो गया था।

भरूच में मोदी हाल ही में नर्मदा नदी के मुहाने पर 4000 करोड़ की लागत का भड़भुत पुल  बनाने की घोषणा करने और उसकी नींव रखने गये थे। इस अवसर पर मोदी को काले झण्ड़े दिखाने का लोगों ने गजब तरीका निकाला। ऐसे समय में भरूच के मछुआरों ने मोदी को काला झण्ड़ा दिखाने के लिए अपनी बोटों के उपर राष्ट्रीय ध्वज हटाकर काले झण्ड़ें टांग लिये थे। सैंकड़ों की संख्या में काले झण्ड़े लगी इन नौकाओं को पकड़ने के लिए पुलिस ने अपनी पूरी ताकत लगा दी। 250 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया उनकी नौकाएं जब्त कर ली गई और 11 बजे से शाम 4 बजे तक लोगों को थाने में बंद कर दिया गया। उनकी गिरफ्तारी की खबर सुनकर 2000 से अधिक महिलाएं थाने को घेरकर बैठ गई। जिससे दबाव में आकर काला झण्ड़ा दिखाने को प्रयास करने वाले इन मछुआरों को शाम 4 बजे के बाद छोड़ा गया।

व्यापारी भाजपा की भारी संख्या में सदस्यता छोड़ रहे हैं। विभिन्न स्रोतों से ऐसी खबरे आ रही हैं कि सूरत में ही 75 हजार से ज्यादा संख्या में लोगों ने भाजपा की सदस्यता त्याग दी है। यहां तक कि कई दुकानदारों ने अपनी बिल बुक पर छपवा लिया है कि ‘‘कमल का फूल हमारी भूल‘‘। कभी संघ का जनाधार रहे व्यापारी वर्ग की नाराजगी अपने बिल बुक पर छपवाये गये इस नारे से लेकर मोदी के पुतला जलाये जाने तक में पढ़ी जा सकती है। शहर का कोई भी कोना अब ऐसा नही होता है कि जिसमें मोदी-शाह को सार्वजनिक रूप से कोसते हुए लोग नही मिल जाते हैं। कई बार तो ये लोग ऐसे अपशब्दों का इस्तेमाल करते हैं कि उन्हें रोकने को मन स्वयं ही आतुर हो जाता है परंतु फिर दिल और अनुभव यही कहता है कि उनके यह अपशब्द और उनका अराजक व्यवहार एवं अशिष्टता भी तो मोदी राजनीति की ही देन हैं।

अभी भी मोदी सरकार और भाजपा जन समर्थन और विश्वास की बात कहे तो मजाक लगता है। क्योंकि प्रत्येक राज्य में और अपनी हरेक सभा में मोदी को अब भारी विरोध का सामना करना पड़ रहा है। इस पूरे माहौल को देखकर लगता है कि मोदी सरकार की उल्टी गिनती अब शुरू हो चुकी है।

 

इस पोस्ट पर आपकी प्रतिक्रिया ⇓





SHARE
पिछली खबरताजमहल को डायनामाइट से उड़ाना लगभग तय है : आजम खां  
अगली खबर छोटे कैनवास की बड़ी फ़िल्म है सीक्रेट सुपरस्टार
सामाजिक न्याय के प्रखर पैरोकार महेश राठी वरिष्ठ पत्रकार हैं| प्रमुख अखबारों, पत्रिकाओं और वेब-पोर्टल्स में उनके आलेख प्रकाशित होते रहे हैं| दिल्ली से प्रकाशित होने वाले साप्ताहिक अखबार मुक्ति संघर्ष के साथ जुड़े रहते हुए वे स्वतंत्र रूप से राजनैतिक, सम-सामायिक और जन-सरोकार के विषयों पर लिखते हैं| महेश राठी का लेखन निर्भीक और जमीनी पत्रकारिता का बेहतरीन उदाहरण है| जनवाद की पुरजोर पैरवी करते हुए उनकी कलम कभी सत्ता से जा टकराती है, तो कभी छद्म-राष्ट्रवाद को बेनकाब करती है| हिंद वॉच मीडिया के लिए वे नियमित रूप से लिखते रहे हैं|