प्रतीकत्मक चित्र
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बोकारो, झारखंड
साइबर अपराधी प्रत्येक दिन नये नये तरीकों का ईजाद कर रहें हैं जिससे कि वे लोगों के खाते से पैसे उड़ा सकें। इसी कड़ी में एक और नया मामला सामने आया है। साइबर अपराधी एटीएम कार्ड रीडर मशीन के जरिए लोगों के एटीएम का डाटा चुराकर उनके खाते से का रूपये उड़ाने का तरीका सामने आया है। बोकारो पुलिस ने इस गिरोह का भंडाफोड़ किया है। यह कामयाबी पुलिस को लोगों की मदद से मिल सकी है।

जिले के चंदनकियारी में इलेक्ट्रोस्टीलकर्मी प्रकाश कुमार गोप का एटीएम कार्ड जबरन छीनकर एक दूसरी एटीएम कार्ड मशीन में जबरन स्वाइप करने की कोशिश करने वाले चंदन कुमार नामक एक युवक की गिरफ्तारी के बाद इस गोरखधंधे का खुलासा हो सका है। पुलिस अधीक्षक कार्तिक एस। ने बताया कि नवादा का गिरोह बोकारो में एटीएम क्लोनिंग का यह धंधा चलाता है और चंदन कुमार नवादा जिले का रहने वाला है। उसका एक अन्य साथी भी नवादा का ही रहने वाला है।

पूछताछ के दौरान चंदन कुमार की स्वीकारोक्ति के आधार पर बताया कि उसे एटीएम से डाटा चोरी कर लाने के एवज में 10000 रुपये प्रतिमाह मिलता था। वह खासतौर से वैसे लोगों को अपना शिकार बनाता था, जिन्हें एटीएम से पैसे निकालने में दिक्कत होती है।

इसी क्रम में बीते नौ नवंबर को चंदनकियारी में इंडिया एटीएम नामक एक प्राइवेट एटीएम सेंटर में उसने प्रकाश को अपना शिकार बनाने की कोशिश की थी। उसने प्रकाश का एटीएम कार्ड जबरन छीनकर अपने कार्ड रीडर में स्वाइप करने की कोशिश की थी, परंतु प्रकाश ने सूझ-बूझ का परिचय देते हुए हो-हल्ला किया तथा स्थानीय लोगों ने उसे पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।

कैसे होता है एटीएम क्लोनिंग
एसपी ने बताया कि जिन लोगों को एटीएम से पैसे निकालने में दिक्कत होती है, उनकी मदद करने के बहाने इस गिरोह के लोग उनका एटीएम किस तरह अपने हाथ में लेकर पलक झपकते ही अपने एटीएम कार्ड रीडर मशीन में स्वाइप कर उसकी क्लोनिंग के लिए डाटा चुरा लेता है। इसके बाद किसी तरह झांककर उसका पिन नंबर भी देख लेता है और हाथ की सफाई से उसका एटीएम कार्ड अपने मशीन में स्वाइप कर वापस कर देता है।

इस मशीन को उसके गिरोह के अन्य सदस्यों द्वारा कंप्यूटर में जोड़कर इसके जरिये एटीएम की क्लोनिंग कर दूसरे एटीएम बना लिया जाता है। यह काम वैसी जगह किया जाता है जहां एटीएम सेन्टर में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे होते हैं या सिक्योरिटी गार्ड नहीं होते और वहीं से खाताधारक का पैसा निकाल लिया जाता है।

उन्होंने बताया कि बोकारो के साइबर थाने में एटीएम क्लोनिंग का इस तरह का पहला मामला सामने आया है। पुलिस इस गिरोह में संलिप्त अन्य सभी अपराधियों की गिरफ्तारी का प्रयास कर रही है। जल्द ही पूरे गैंग का भंडाफोड़ कर लिया जाएगा।

गिरफ्तार किए गए नवादा जिला अंतर्गत कौवाकोल थाना स्थित गोला बड़राजी निवासी चंदन कुमार के पास से एटीएम कार्ड रीडर मशीन (मिनी डीएक्स3), एक मोबाइल और एक एटीएम कार्ड बरामद किया गया है। उल्लेखनीय है कि इस तरह के धंधे में पढ़े-लिखे छात्र ही कम समय में ज्यादा पैसा कमाने के लालच में आकर इस तरह अपराध की राह पर निकल पड़ते हैं। गिरफ्तार किया गया चंदन बलियापुर धनबाद आईटीआई का छात्र है।

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